मैं निकला था अपने घर से... ..
ताज महल की तरह मुस्कान वाली
लड़की ने मन मोह लिया.. :) ..
मेरे सपने सजने लगे, ..
मुस्कान के मोह में खो गया .
-- -- -- ...
कुछ दिनों के बाद...
वह मुस्कान भरा चेहरा
गंभीर हो गया .. ..
मुस्कान की जगह
एक गंभीर छाया बन गई .. :)
November 16, 2009 at 6:20pm
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